Suvangi Pradhan
भारतीय क्रिकेट के पूर्व कप्तान और बीसीसीआई के पूर्व अध्यक्ष सौरव गांगुली ने अर्जेंटीना फैन क्लब के अध्यक्ष उत्तम साहा के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया है। गांगुली ने आरोप लगाया है कि साहा द्वारा सार्वजनिक रूप से दिए गए बयान उनकी छवि को नुकसान पहुंचाने वाले हैं। इस मामले में गांगुली ने 50 करोड़ रुपये के हर्जाने की मांग की है।
उत्तम साहा ने एक बयान में गांगुली को आयोजकों का मिडिलमैन बताया था
साहा का दावा था कि एक अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल इवेंट से जुड़े आयोजन में गांगुली की भूमिका पारदर्शी नहीं रही और वे आयोजकों के हित में काम कर रहे थे। यह बयान सोशल मीडिया और कुछ मीडिया प्लेटफॉर्म पर तेजी से वायरल हुआ, जिसके बाद विवाद गहराता चला गया। गांगुली की ओर से दायर याचिका में कहा गया है कि इस तरह के आरोप पूरी तरह निराधार, झूठे और दुर्भावनापूर्ण हैं। याचिका के मुताबिक, साहा के बयान न सिर्फ गांगुली की सार्वजनिक प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाते हैं, बल्कि उनके पेशेवर जीवन और सामाजिक छवि पर भी गंभीर असर डालते हैं।
गांगुली का कहना है कि वर्षों की मेहनत से बनाई गई उनकी साख को बदनाम करने की कोशिश की गई
गांगुली के कानूनी सलाहकारों ने स्पष्ट किया कि मानहानि के इस केस का उद्देश्य सिर्फ आर्थिक मुआवजा नहीं, बल्कि झूठे आरोपों पर रोक लगाना और सार्वजनिक जीवन में जिम्मेदार बयानबाजी सुनिश्चित करना भी है। याचिका में अदालत से यह भी मांग की गई है कि उत्तम साहा भविष्य में इस तरह के बयान देने से परहेज करें।
यह केस आने वाले दिनों में खेल और आयोजनों से जुड़े विवादों पर, अहम मिसाल बन सकता है
उत्तम साहा की ओर से अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। हालांकि, उनके करीबी सूत्रों का कहना है कि साहा अपने बयान पर कायम हैं और कानूनी तौर पर जवाब देने की तैयारी कर रहे हैं। यह मामला ऐसे समय सामने आया है, जब गांगुली खेल प्रशासन और विभिन्न खेल आयोजनों से जुड़े मामलों में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
