कामना कासोटिया भोपाल:
जनता के बीच लोकप्रिय नेता – राकेश सिंह
जबलपुर की राजनीति में यदि किसी नेता का नाम मजबूती से उभरा है तो वह हैं राकेश सिंह, भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता। लंबे समय से जनता की सेवा और विकास कार्यों में सक्रिय रहने वाले राकेश सिंह ने अपने जीवन में संघर्षों और मेहनत के बल पर एक अलग पहचान बनाई है।
जन्म और शिक्षा
राकेश सिंह का जन्म 4 जून 1962 को जबलपुर में हुआ। उनके पिता का नाम श्री एम.एस. ठाकुर है। शिक्षा के क्षेत्र में उन्होंने बी.एस.सी. तक पढ़ाई की। साधारण किसान परिवार से आने के कारण उन्होंने बचपन से ही जनता की समस्याओं को करीब से देखा और आगे चलकर राजनीति के माध्यम से उन्हें सुलझाने का निश्चय किया।
राजनीतिक जीवन की शुरुआत
सन 2000 में वे भारतीय जनता पार्टी के जबलपुर जिलाध्यक्ष बने। इसके बाद 2004 में वे पहली बार जबलपुर से लोकसभा सदस्य निर्वाचित हुए। जनता ने उन्हें लगातार समर्थन दिया और वे 2009, 2014 तथा 2019 में भी लोकसभा के लिए चुने गए।
लोकसभा में भूमिका और योगदान
राकेश सिंह ने लोकसभा में कई अहम समितियों में काम किया। वे परिवहन, पर्यटन, संस्कृति, रक्षा और पर्यावरण जैसी समितियों के सदस्य रहे। इसके अलावा कोयला और इस्पात समिति में भी उन्होंने सक्रिय भागीदारी निभाई।
2016 से 2018 तक वे भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष भी रहे। इस दौरान पार्टी को मजबूत करने में उनकी अहम भूमिका रही।
विकास कार्य
जबलपुर और आसपास के क्षेत्र के विकास में राकेश सिंह ने कई काम किए। सड़क, पुल, बिजली और पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं को दुरुस्त करने के लिए उन्होंने संसद में आवाज़ उठाई। पर्यटन स्थलों के विकास, रक्षा क्षेत्र में निवेश और रोजगार के अवसरों को बढ़ाने में उनका योगदान रहा।
उन्होंने किसानों के हितों के लिए भी कई बार संसद में सवाल उठाए और योजनाओं को ज़मीन पर उतारने का प्रयास किया। शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में भी उन्होंने कई योजनाओं को आगे बढ़ाया।
राजनीतिक सफर में अहम मोड़
मई 2019 में वे लगातार चौथी बार जबलपुर से लोकसभा सदस्य बने। वे लोकसभा में भारतीय जनता पार्टी के मुख्य सचेतक भी रहे। बाद में उन्होंने लोकसभा की सदस्यता से इस्तीफ़ा दिया और प्रदेश की राजनीति में सक्रिय हो गए।
विधानसभा चुनाव और जीत
सन 2023 में राकेश सिंह ने पहली बार विधानसभा चुनाव लड़ा। वे जबलपुर पश्चिम (100) विधानसभा क्षेत्र से भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार बने। इस चुनाव में उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी को हराकर शानदार जीत दर्ज की। जनता ने एक बार फिर उन पर भरोसा जताया और उन्हें प्रदेश विधानसभा भेजा।
वर्तमान जिम्मेदारी
विधानसभा चुनाव जीतने के बाद राकेश सिंह को प्रदेश सरकार में लोक निर्माण विभाग (PWD) मंत्री बनाया गया। यह जिम्मेदारी उनके लिए बड़ी उपलब्धि है क्योंकि अब वे सीधे तौर पर प्रदेश के विकास कार्यों से जुड़े हुए हैं।
जनता के बीच लोकप्रियता
राकेश सिंह की पहचान एक ज़मीनी नेता की है। वे जनता से सीधे जुड़ते हैं और उनकी समस्याओं को सुनते हैं। शायद यही वजह है कि वे लगातार चुनाव जीतते रहे और आज प्रदेश की राजनीति में अहम स्थान रखते हैं।
