कामना कासोटिया, भोपाल : सुभाष कॉलोनी में 4 फीट पानी भरने से हड़कंप, नाव से लोगों को किया गया रेस्क्यू
दमोह शहर की सुभाष कॉलोनी में एक साल बाद फिर से बाढ़ जैसे हालात बन गए। शनिवार शाम हुई भारी बारिश के बाद कॉलोनी में पानी तेजी से भर गया और देखते ही देखते चार फीट तक पानी जमा हो गया। हालात ऐसे हो गए कि प्रशासन को नाव चलाकर लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाना पड़ा।
इस घटना ने पिछले साल की दर्दनाक यादें ताज़ा कर दीं, जब इसी तरह पानी भरने से लोगों का जीना मुश्किल हो गया था।प्रशासन नाले से अतिक्रमण नहीं हटा सकाकॉलोनी के लोग लंबे समय से नाले की सफाई और चौड़ाई बढ़ाने की मांग कर रहे थे, ताकि पानी भरने की समस्या दूर हो सके। लेकिन प्रशासन की ओर से इस पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। नाले पर अतिक्रमण के कारण पानी की निकासी बाधित हो रही है। इस बार भी जब तेज बारिश हुई तो पानी के बहाव का रास्ता बंद हो गया और पानी घरों में घुस गया।शाम 5 बजे के बाद बिगड़े हालातशनिवार शाम करीब 5 बजे से बारिश तेज हुई और कुछ ही देर में कॉलोनी के हालात खराब हो गए।
पानी का स्तर तेजी से बढ़ा और लोगों के घर, सामान, और सड़कें पानी में डूब गईं। नगर निगम, एसडीआरएफ और प्रशासन की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। नाव के सहारे करीब 50 परिवारों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। इन्हें पास के सामुदायिक भवन और आंगनबाड़ी केंद्र में ठहराया गया।लोगों के घरों का सामान खराबरहवासी बताते हैं कि पानी इतनी तेजी से आया कि लोग अपना सामान तक नहीं बचा पाए। टीवी, फ्रिज, फर्नीचर, कपड़े और जरूरी दस्तावेज सब पानी में भीग गए। लोग बस अपनी जान बचाकर बाहर निकल सके।
एक निवासी ने कहा, “हमें लगा पानी जल्दी निकल जाएगा, लेकिन कुछ ही मिनटों में चार फीट पानी भर गया। हम बच्चों और बुजुर्गों को लेकर बाहर भागे।”कॉलोनी में लगातार दूसरी बार पानी भरनाइस साल बरसात के मौसम में यह दूसरी बार है जब सुभाष कॉलोनी में पानी भर गया। पिछले महीने भी बारिश के बाद यहां दो फीट तक पानी जमा हुआ था, लेकिन उस समय हालात इतने गंभीर नहीं हुए थे।
लोगों का कहना है कि यदि नाले से अतिक्रमण हटाकर उसकी सफाई कर दी जाती, तो यह समस्या इतनी बड़ी नहीं होती।प्रशासन की सफाईकलेक्टर कोचर ने बताया कि नाले की सफाई और चौड़ाई बढ़ाने की योजना बनाई गई थी, लेकिन अतिक्रमण हटाने में दिक्कत आने के कारण काम पूरा नहीं हो पाया। उन्होंने माना कि लोगों को परेशानी हुई है और कहा कि जल्द ही स्थायी समाधान की दिशा में कदम उठाए जाएंगे।राहत और बचाव कार्यएसडीआरएफ की टीम ने नाव की मदद से कॉलोनी से करीब 425 लोगों को सुरक्षित निकाला। इनमें बच्चे, महिलाएं और बुजुर्ग शामिल थे। हर व्यक्ति को सामुदायिक भवन में भोजन और पानी उपलब्ध कराया गया। राहत शिविर में प्राथमिक उपचार की भी व्यवस्था की गई।
रहवासियों की मांग लोगों ने प्रशासन से आग्रह किया है कि बरसात खत्म होने का इंतजार किए बिना नाले से अतिक्रमण हटाया जाए और उसकी सफाई की जाए। साथ ही, जल निकासी की नई व्यवस्था बनाई जाए ताकि भविष्य में ऐसे हालात न बनें।सुभाष कॉलोनी में पानी भरने की समस्या केवल बारिश का नतीजा नहीं, बल्कि लापरवाही और अधूरी व्यवस्थाओं का परिणाम है। जब तक नाले से अतिक्रमण हटाकर उसकी चौड़ाई और सफाई नहीं की जाएगी, तब तक हर बरसात में यहां के लोग इसी तरह परेशानी झेलते रहेंगे। इस बार तो लोग नाव से बचा लिए गए, लेकिन अगर समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए तो आने वाले सालों में हालात और भी गंभीर हो सकते हैं।
