रिया सिन्हा: हरियाणा में ठंडी हवाओं के प्रकोप के कारण कंपकंपी छूट रही है। पहाड़ों पर हो रही लगातार बर्फबारी का असर अब मैदानी इलाकों पर साफ तौर पर दिखाई दे रहा है। मौसम विभाग (IMD) ने आज भी राज्य के कई हिस्सों में शीतलहर जारी रहने की चेतावनी दी है। हिसार और नारनौल जैसे जिले सबसे ठंडे स्थानों में से हैं, जहां न्यूनतम तापमान सामान्य से नीचे दर्ज किया जा रहा है। उत्तरी-पश्चिमी दिशा से चलने वाली ठंडी हवाओं के कारण दिन और रात दोनों के तापमान में गिरावट आई है, जिससे लोग अलाव और गर्म कपड़ों का सहारा लेने को मजबूर हैं।
पश्चिमी विक्षोभ और तापमान में उतार-चढ़ाव
दिसंबर माह में सक्रिय हुए कमजोर पश्चिमी विक्षोभों (Western Disturbances) के कारण हरियाणा के मौसम में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। हालांकि कुछ कमजोर विक्षोभों की वजह से तापमान में हल्की वृद्धि भी दर्ज की गई है, लेकिन अब उत्तर-पश्चिमी हवाओं के तेज होने से ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, न्यूनतम तापमान में अगले कुछ दिनों तक गिरावट जारी रहेगी, खासकर रात के समय ठंड काफी ज्यादा महसूस होगी। कुछ स्थानों पर सुबह के समय हल्की से मध्यम धुंध (Fog) भी छा सकती है, जिससे यातायात प्रभावित होने की आशंका है।
अगले पांच दिन का मौसम पूर्वानुमान (9 से 14 दिसंबर)
मौसम विभाग के अनुसार, अगले पांच दिनों में (9 दिसंबर से 14 दिसंबर तक) हरियाणा में मौसम शुष्क बना रहेगा। 9 से 11 दिसंबर तक उत्तर व उत्तर-पश्चिमी हवाओं के प्रभाव से रात के तापमान में मामूली गिरावट आ सकती है, जबकि दिन का तापमान लगभग 23°C से 24°C के बीच रहने की संभावना है। 12 दिसंबर के आसपास एक और पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव से आंशिक बादलवाई हो सकती है, जिससे दिन के तापमान में हल्की गिरावट और रात के तापमान में हल्की बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है। इस अवधि में पाला जमने की स्थिति बनने की भी संभावना है, जिससे किसानों को अपनी फसलों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है।
ठंड से बचाव के लिए जरूरी उपाय
मौसम विभाग ने शीतलहर की स्थिति को देखते हुए लोगों को गर्म कपड़े पहनने, अनावश्यक रूप से सुबह या देर रात घर से बाहर न निकलने और खुद को ठंड से सुरक्षित रखने की सलाह दी है। विशेषकर बच्चों और बुजुर्गों के लिए ठंड जानलेवा हो सकती है, इसलिए उन्हें अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।

