Toshi Gupta: क्या आपकी आंखें भी हल्की लाल हो रहीं हैं? क्या आपको भी अपनी आंखों में चुभन महसूस हो रही हैं? यदि हां तो सावधान हो जाइए, क्योंकि आज हम आपको एक एसी बीमारी से रुबरु करा रहें हैं, जिसका कोई इलाज नहीं हैं। जी हां हम बात कर रहे हैं स्जोग्रेन की। यह एक एसी बीमारी हैं जिसको पुरी दुनिया में वर्ल्ड स्जोग्रेन डे से सेलिब्रेट किया जाता हैं। तो चलिए जानते हैं आखिर क्या हैं स्जोग्रेन डिजीज ? क्यों पुरी दुनिया वर्ल्ड स्जोग्रेन डे मनाती हैं?

वर्ल्ड स्जोग्रेन डे क्या हैं?

वर्ल्ड स्जोग्रेन डे हर साल 23 जुलाई को मनाया जाता हैं। दरअसल, यह दिन स्जोग्रेन नाम की बीमारी से बचने के लिए मनाया जाता हैं। इस दिन की शुरुआत स्जोग्रेन सिंड्रोम फाउंडेशन , USA ने की थी। आपको बता दें, इस दिन को डॉ . हेनरिक स्जोग्रेन के नाम पर शुरु किया गया था। क्योंकि वह पहले डॉक्टर थे, जिन्होंने स्जोग्रेन डिजीज का पता लगाया था। इस वर्ल्ड स्जोग्रेन डे की एक ही मकसद हैं, कि लोगों कोस्जोग्रेन डिजीज के लिए जागरुक करना।

क्या हैं स्जोग्रेन डिजीज ?

स्जोग्रेन डिजीज एक गंभीर बीमारी हैं। यह ज्यादातर 45 से 55 वर्ष के लोगों को अपनी चपेट में लेता हैं। क्योंकि यह एक ऑटोइम्म्युने डिसऑर्डर हैं। आपको बता दें, ऑटोइम्म्युने डिसऑर्डर एक खतरनाक डिसऑर्डर हैं। इस कंडीशन में आपका इम्यून सिस्टम आपके शरीर को जानलेवा बीमारियों से को प्रोटेक्ट नहीं कर पाता। इसके अलवा वह बॉडी के हेअल्थी tissues को डैमेज करता हैं। वहीं स्जोग्रेन डिजीज भी एक ऑटोइम्म्युने डिसऑर्डर हैं। स्जोग्रेन डिजीज सिधा आपके मॉइस्चर प्रोडूसिंग ग्लांड्स पर हमला करता हैं। जिसकी वजह से आपकी आंखों में और आपके मुंह में नमी पैदा होने लगती हैं।

आखिर कैसे जानें की आप स्जोग्रेन डिजीज की चपेट में हैं ?

आइए जानते हैं, इसके कुछ लक्षण जिनकी मदद से पता लगा सकते हैं कि कहीं आप स्जोग्रेन डिजीज के शिकार तो नहीं।

1- आंखों में जलन होना, या फिर चुभन महसूस होना।
2- मुंह में सुखा पड़ना। साथ ही, खाना खाने में और निगलने में दिक्कत आना1
3- बहुत ज्यादा थकान होना।
4- घुटनों में, हाथों में दर्द होना।
5- कान के पीछे सुजन आना।

साथ ही आपको बता दें, इस बीमारी के 90% मामले महिलाओं में देखे गए हैं। जिनकी उम्र 40 से 43 के बीच में हैं। इस स्जोग्रेन डिजीज का अभी तक कोई इलाज नहीं हैं।

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