Muskan Garg: डिजिटल इंडिया के दौर में जहां UPI, डेबिट कार्ड और कॉन्टैक्टलेस पेमेंट ने हमारी ज़िंदगी आसान बना दी है, वहीं साइबर ठगों ने भी ठगी के नए-नए तरीके ईजाद कर लिए हैं। इन्हीं में से एक खतरनाक तरीका है Tap and Pay Scam, जो पलक झपकते ही आपका बैंक अकाउंट खाली कर सकता है।
क्या है Tap and Pay Scam?
Tap and Pay Scam एक तरह का डिजिटल फ्रॉड है, जिसमें ठग NFC (Near Field Communication) तकनीक का गलत इस्तेमाल करते हैं। इस तकनीक के ज़रिए बिना पिन डाले सिर्फ कार्ड या मोबाइल को मशीन के पास टैप करने से पेमेंट हो जाता है। ठग नकली कॉल, फर्जी कस्टमर केयर या स्कैम लिंक के जरिए पीड़ित को किसी ऐप को इंस्टॉल करने या फोन को टैप करने के लिए कहते हैं। जैसे ही फोन या कार्ड ठग के डिवाइस के संपर्क में आता है, खाते से पैसे कट जाते हैं और पीड़ित को भनक तक नहीं लगती।
कैसे देते हैं ठग इस स्कैम को अंजाम?
• फर्जी कॉल या मैसेज: खुद को बैंक कर्मचारी या UPI कस्टमर केयर बताकर संपर्क करते हैं।
• रिफंड या KYC अपडेट का बहाना: पैसे लौटाने या अकाउंट अपडेट के नाम पर भरोसा जीतते हैं।
• फोन टैप करने को कहते हैं: NFC ऑन करवाकर किसी लिंक या डिवाइस के पास फोन लाने को कहते हैं।
• बिना पिन कट जाते हैं पैसे: टैप होते ही अकाउंट से रकम उड़ जाती है।
Tap and Pay Scam से कैसे बचें?
• जरूरत न हो तो NFC फीचर बंद रखें।
• अनजान कॉल या मैसेज पर भरोसा न करें।
• किसी के कहने पर फोन टैप न करें।
• पेमेंट लिमिट तय करें।
• केवल आधिकारिक ऐप्स का ही इस्तेमाल करें।
• संदेह होने पर तुरंत बैंक से संपर्क करें।
अगर फ्रॉड हो जाए तो क्या करें?
अगर आप Tap and Pay Scam के शिकार हो जाते हैं, तो तुरंत अपने बैंक की हेल्पलाइन पर कॉल करें, कार्ड या UPI को ब्लॉक कराएं और 1930 साइबर क्राइम हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज करें या cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें।
Tap and Pay सुविधा जितनी आसान है, उतनी ही सावधानी की मांग भी करती है। थोड़ी सी लापरवाही आपके जीवन की जमा-पूंजी पर भारी पड़ सकती है। इसलिए सतर्क रहें, जागरूक बनें और दूसरों को भी इस नए डिजिटल फ्रॉड के बारे में जरूर बताएं।
याद रखें एक गलत टैप, और अकाउंट हो सकता है साफ!
