Baljinder Kaur: हरियाणा के फरीदाबाद में चल रहे 39वें सूरजकुंड अंतरराष्ट्रीय शिल्प मेले में शनिवार शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब मनोरंजन क्षेत्र में लगा एक झूला अचानक टूटकर गिर गया। इस दर्दनाक हादसे में मेला ड्यूटी पर तैनात एक इंस्पेक्टर की मौत हो गई, जबकि 13 लोग घायल हो गए। हादसे के बाद मेले की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
कैसे हुआ हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, झूले में उस समय करीब 15 लोग सवार थे। अचानक झूले का संतुलन बिगड़ा और वह तेज आवाज के साथ नीचे गिर गया। देखते ही देखते मौके पर चीख-पुकार मच गई। लोग इधर-उधर भागने लगे और पूरे मेले में कुछ देर के लिए दहशत का माहौल बन गया।
घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया।
बचाव कार्य के दौरान फिर गिरा झूला
हादसे के बाद जब बचाव कार्य चल रहा था, उसी दौरान झूला दोबारा हिलकर गिर गया, जिससे स्थिति और बिगड़ गई।
प्रशासन की कार्रवाई
हादसे की जानकारी मिलते ही जिला उपायुक्त मौके पर पहुंचे और राहत कार्यों की निगरानी की। पुलिस ने एहतियातन मीडिया और भीड़ को घटनास्थल से दूर रखा ताकि इलाज और बचाव कार्य में कोई रुकावट न आए।
मुख्यमंत्री और पर्यटन मंत्री का बयान
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इस हादसे पर दुख जताते हुए कहा कि घायलों को तत्काल और समुचित इलाज देने के निर्देश जारी किए गए हैं। सरकार पीड़ित परिवारों को हर संभव सहायता देगी।
वहीं, पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने पूरे मामले की जांच के आदेश देते हुए कहा कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गेट नंबर दो भी गिरा
इसी बीच मेले के गेट नंबर दो का एक हिस्सा गिरने से एक अन्य व्यक्ति घायल हो गया, जिसे बीके अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सुरक्षा पर उठे सवाल
इस हादसे ने सूरजकुंड जैसे प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय मेले की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। अब देखना होगा कि जांच में क्या सामने आता है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।
