रिया सिन्हा: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दूसरे और अंतिम चरण का मतदान आज (11 नवंबर) से शुरू हो गया है। इस चरण में राज्य के 20 जिलों की 122 विधानसभा सीटों पर वोट डाले जा रहे हैं। सुबह 7 बजे से शुरू हुआ यह मतदान शाम 6 बजे तक जारी रहेगा। इस महत्वपूर्ण चरण में कुल 3 करोड़ 70 लाख से अधिक मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर 1302 उम्मीदवारों के भाग्य का फैसला करेंगे। पहले चरण में हुए रिकॉर्ड तोड़ मतदान को देखते हुए, इस बार भी बंपर वोटिंग की उम्मीद की जा रही है।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम और प्रमुख क्षेत्र
शांतिपूर्ण और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। सीमावर्ती जिलों में विशेष निगरानी बरती जा रही है, जिसके लिए केंद्रीय सुरक्षा बलों की 1650 कंपनियां तैनात की गई हैं। यह चरण इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इसमें मिथिलांचल, सीमांचल, चंपारण बेल्ट और शाहाबाद-मगध क्षेत्र की सीटें शामिल हैं। खासकर, सीमांचल क्षेत्र (जैसे किशनगंज, अररिया) पर सभी की निगाहें हैं, जहां मुस्लिम आबादी अधिक है और चुनावी मुकाबला काफी कड़ा माना जा रहा है।
प्रमुख उम्मीदवार और चुनावी मैदान
इस चरण में कई कद्दावर नेताओं की प्रतिष्ठा दांव पर लगी है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अगुवाई वाली सरकार के कई मंत्री भी चुनावी मैदान में हैं, जिनमें जदयू के बिजेंद्र प्रसाद यादव (सुपौल), भाजपा की रेणु देवी (बेतिया) और नीरज कुमार सिंह ‘बबलू‘ (छातापुर) जैसे प्रमुख चेहरे शामिल हैं। 122 सीटों में से 101 सामान्य, 19 अनुसूचित जाति (SC) और 2 अनुसूचित जनजाति (ST) के लिए आरक्षित हैं। मतदाताओं को अपने लोकतंत्र के इस पर्व में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की गई है, जैसा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने ‘पहले मतदान, फिर जलपान’ का संदेश देकर किया है। मतगणना 14 नवंबर को होगी, जिसके बाद बिहार में अगली सरकार का फैसला होगा।

