सुरभी यादव – राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) ने शुक्रवार को बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए अपना संयुक्त घोषणा पत्र “संकल्प पत्र 2025” जारी किया है। 70 पन्नों के इस घोषणा पत्र में कुल 25 बड़े वादे किए गए हैं, जिनमें 1 करोड़ से अधिक सरकारी नौकरियां, मुफ्त शिक्षा, 7 एक्सप्रेस-वे, 10 औद्योगिक पार्क, चार नए मेट्रो प्रोजेक्ट, और उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे अनुसूचित जाति के छात्रों को ₹2000 प्रति माह वित्तीय सहायता जैसी प्रमुख घोषणाएंशामिल हैं।
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा “बिहार बनेगा वैश्विक शिक्षाकेंद्र”
घोषणा पत्र जारी करने के अवसर पर भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सहित एनडीए के सभी वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। मीडिया को संबोधित करते हुए सम्राट चौधरी ने कहा कि एनडीए सरकार बिहार के युवाओं को रोजगार देने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा, “एक करोड़ से अधिक सरकारी नौकरियों के साथ हम स्किल जनगणना करेंगे, कौशल आधारित रोजगार को बढ़ावा देंगे और हर जिले में मेगा लर्निंग सेंटर स्थापित करेंगे ताकि बिहार एक वैश्विक शिक्षा केंद्र के रूप में उभर सके।”
महागठबंधन ने पहले जारी किया था “बिहार का तेजस्वी प्रण”
गौरतलब है कि राष्ट्रीय जनता दल और कांग्रेस के नेतृत्व वाले महागठबंधन ने पहले ही अपना घोषणा पत्र “बिहार का तेजस्वी प्रण” जारी किया था। उसमें वादा किया गया था कि सरकार बनने के 20 दिनों के भीतर ऐसी योजना लाई जाएगी जिसके तहत हर घर के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाएगी।
राजनीतिक बयानबाजी ,नड्डा ने कहा राहुल गांधी ने छठ और बिहार का अपमान किया है
घोषणा पत्र जारी होने के बाद भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के एक हालिया बयान की कड़ी आलोचना की।
दरअसल, राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर आरोप लगाया था कि वे छठ पूजा के दौरान यमुना नदी में डुबकी लगाने का “नाटक” करना चाहते थे, लेकिन जब पाया गया कि नदी का पानी गंदा है और साफ पानी का कृत्रिम तालाब बनाया गया, तो कार्यक्रम रद्द कर दिया गया।
जेपी नड्डा ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राहुल गांधी का बयान न केवल बेबुनियाद है बल्कि उनके संस्कार और राजनीतिक सोच का भी प्रतीक है।
उन्होंने कहा, “प्रधानमंत्री मोदी के प्रति ऐसा व्यवहार बिहार और देश की संस्कृति का अपमान है।”
