ऋषिता गंगराडे़
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) — एक ऐसी तकनीकी क्रांति जिसने दुनिया भर में कार्यप्रणाली की परिभाषा ही बदल दी है। भारत भी इस बदलाव की लहर से अछूता नहीं है। लेकिन इस तकनीकी उन्नति के साथ एक बड़ा सवाल खड़ा हो गया है: क्या AI इंसानी नौकरियों को निगल जाएगा? क्या हम उस दौर में प्रवेश कर चुके हैं जहाँ रोबोट्स और एल्गोरिद्म, इंसानों की जगह लेंगे?
AI का असर किन क्षेत्रों पर सबसे ज़्यादा?
AI का सबसे तेज़ असर उन क्षेत्रों में देखा जा रहा है जहाँ कार्य दोहराव वाला, डेटा-आधारित या विश्लेषणात्मक होता है:
- बीपीओ/कॉल सेंटर: अब चैटबॉट्स और वर्चुअल असिस्टेंट ग्राहकों की सेवा कर रहे हैं।
- बैंकिंग और फाइनेंस: लोन अप्रूवल, डेटा एनालिटिक्स, फ्रॉड डिटेक्शन जैसे काम अब AI कर रहा है।
- मैन्युफैक्चरिंग: ऑटोमेशन ने फैक्ट्रियों में मैन्युअल लेबर की जगह ली है।
- हेल्थकेयर: रेडियोलॉजी, मेडिकल रिकॉर्ड एनालिसिस में AI का प्रयोग तेज़ी से हो रहा है।
नौकरियों पर पड़ने वाला असर (आंकड़े और रिपोर्ट्स के अनुसार):
- World Economic Forum (WEF) की रिपोर्ट (2023):अगले 5 सालों में 83 मिलियन पारंपरिक नौकरियां खत्म हो सकती हैं, लेकिन साथ ही 69 मिलियन नई AI-संबंधित नौकरियां पैदा होंगी।
- NITI Aayog की रिपोर्ट (2024):भारत में AI से सबसे अधिक खतरा टियर-2 और टियर-3 शहरों की लो-स्किल्ड वर्कफोर्स को है।
- ILO रिपोर्ट:2030 तक भारत में हर 5 में से 1 कर्मचारी को अपनी नौकरी बदलनी पड़ सकती है।
क्या सभी नौकरियां खत्म हो जाएंगी? नहीं। बदलेंगी ज़रूर।
AI इंसानों की जगह नहीं ले रहा, वह इंसानी कार्यशक्ति का रूपांतरण कर रहा है। आने वाले वर्षों में ये बदलाव दिखेंगे:
- नई भूमिकाएं: जैसे AI टेक्नीशियन, डेटा एथिक्स अफसर, मशीन लर्निंग ट्रेनर
- स्किल्स की मांग: कोडिंग, क्रिटिकल थिंकिंग, क्रिएटिविटी, इमोशनल इंटेलिजेंस
- मानव-सहयोगी AI: AI डॉक्टर की मदद करेगा, पर डॉक्टर को रिप्लेस नहीं करेगा।
सरकार और उद्योग जगत की भूमिका:
- Nasscom और Microsoft मिलकर AI स्किल्स पर युवाओं को ट्रेनिंग दे रहे हैं।
- राष्ट्रीय AI नीति (NITI Aayog) — स्किल डवलपमेंट पर ज़ोर, खासकर ग्रामीण युवाओं के लिए।
- प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (PMKVY) में अब AI आधारित कोर्स शामिल किए गए हैं।
AI न तो पूरी तरह से नौकरियों को खत्म कर रहा है, न ही केवल फायदे का सौदा है। यह एक संक्रमण काल है जिसमें जो बदलने को तैयार हैं, वे आगे निकलेंगे। स्किलिंग, री-स्किलिंग और अप-स्किलिंग ही इस दौर की ज़रूरत है।
सूत्र:
- NITI Aayog: https://www.niti.gov.in/ai
- WEF Future of Jobs Report (2023)
- ILO India Labour Market Updates
- Nasscom & Microsoft AI Skilling Initiative Reports
