Ranu Yadav: शराब घोटाले की जांच कर रही ईडी ने आज सुबह बड़ी कार्रवाई करते हुए राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को गिरफ्तार कर लिया है।जानकारी के मुताबिक, ईडी की टीम आज सुबह भिलाई स्थित भूपेश बघेल के घर पहुंची और छापेमारी की। इस दौरान घर के आसपास सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त कर दिए गए थे।
आखिर मामला क्या है?
छत्तीसगढ़ में 2018 में कांग्रेस ने चुनाव जीता और भूपेश बघेल मुख्यमंत्री बने। बताया जाता है कि शराब घोटाले की शुरुआत अगले ही साल 2019 में हो गई। इससे 2022 तक छत्तीसगढ़ में शराब के जरिए काली कमाई की गई। प्रवर्तन निदेशालय का कहना है कि यह सब भूपेश बघेल सरकार की नाक के नीचे हुआ। और इससे लगभग 2161 करोड़ की कमाई की गई थी। इस मामले में ED अब तक करीब 205 करोड़ रुपये की संपत्तियों को अटैच कर चुकी है।
शराब घोटाले में अब तक कितनी चार्जशीट?
इस केस में अब तक पांच चार्जशीट दायर की जा चुकी है। इस घोटाले में अब तक 29 अधिकारियों (जिला अधिकारी,उप आयुक्त, सहायक आयुक्त) को आरोपी माना गया है।
ईडी के छत्तीसगढ़ में शराब घोटाले ने जांच में सामने आया है कि राज्य में एक संगठित समूह काम करता था। जिसमें अनवर ढेबर,अनिल टुटेजा और कई अन्य लोग शामिल थे। इस घोटाले से लगभग 2161 करोड़ की गैरकानूनी कमाई हुई है।
छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बेटे चैतन्य बघेल की गिरफ्तारी पर दी अपनी प्रतिक्रिया!
उन्होंने कहा कि कांग्रेस (विपक्ष)को आवाज उठाने से दबाने के लिए BJP उनके बेटे चैतन्य के खिलाफ कार्रवाई कर रही है। लेकिन हम लोग डरने वाले नहीं है।BJP नहीं चाहती कि कांग्रेस के पास जो सबूत हैं, वे सामने आए, इसलिए BJP इस तरह छापेमारी कराकर दबाव डालने की, मकसद से भटकाने की कोशिश कर रही है।
इस मामले में ईडी अब तक 205 करोड़ की संपत्तियों को जोड़ ली है। और उनका कहना है कि इसके साथ कई बड़े नाम के जुड़ने की भी संभावना है।
